आजमगढ़ : शक्ति रंगोत्सव में महिला सशक्तिकरण का संदेश, महिला शिक्षकों का हुआ सम्मान।

नारी शक्ति समाज और राष्ट्र की मजबूती की आधारशिला : रीतू शाही
महिला शिक्षकों की एकजुटता से शिक्षा व्यवस्था और मजबूत होगी : प्रीति सिंह
संवाददाता -राकेश गौतम 
आजमगढ़। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिला शिक्षक संघ आजमगढ़ मंडल की ओर से बैठोली स्थित एक समारोह स्थल पर शक्ति रंगोत्सव एवं सम्मान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य रीतू शाही मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन और पुष्प अर्पित कर की गई। इसके बाद आयोजकों द्वारा अतिथियों को अंगवस्त्र, पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक माहौल में फूलों की होली खेली गई, जिससे आपसी प्रेम, सम्मान और एकता का संदेश दिया गया।
अपने संबोधन में मुख्य अतिथि रीतू शाही ने कहा कि शिक्षक समाज के मार्गदर्शक होते हैं और उनके प्रयासों से ही नई पीढ़ी का निर्माण होता है। उन्होंने कहा कि नारी समाज की सबसे महत्वपूर्ण शक्ति है, जो परिवार और समाज को जोड़कर रखने का कार्य करती है। महिलाओं के सम्मान और सहभागिता से ही समाज और राष्ट्र की प्रगति संभव है। उन्होंने महिलाओं से आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने और अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया।
इस अवसर पर वाराणसी मंडल अध्यक्ष प्रीति सिंह ने कहा कि महिला शिक्षक शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं और अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी निष्ठा से कर रही हैं। उन्होंने कहा कि महिला शिक्षकों की समस्याओं के समाधान और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए संगठन को मजबूत बनाना जरूरी है, ताकि उनकी आवाज प्रभावी ढंग से शासन तक पहुंच सके।
कार्यक्रम के अंत में मंडल अध्यक्ष प्रज्ञा राय ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन महिलाओं को अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने का अवसर देते हैं। उन्होंने संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए महिला शिक्षकों से एकजुट होकर कार्य करने की अपील की। कार्यक्रम का संचालन स्नेहलता राय ने किया। इस मौके पर विभिन्न जिलों से आईं महिला शिक्षक और पदाधिकारी बड़ी संख्या में मौजूद रहीं और कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग किया।

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