विद्यालय और नाले की ईंट मकान में लगाने का आरोप, ग्रामीणों ने बताया पुरानी रंजिश का मामला।
संवाददाता -अबुल कैश
निजामाबाद/आजमगढ़। तहबरपुर विकासखंड अंतर्गत ओरा माफी गांव में शुक्रवार को ग्राम प्रधान गंगा प्रसाद मौर्य के खिलाफ की गई शिकायतों की जांच करने के लिए प्रशासनिक टीम पहुंची। जिलाधिकारी के निर्देश पर गठित जांच टीम का नेतृत्व एडीएम प्रशासन श्रीमती आराधना त्रिपाठी ने किया। इस दौरान ग्राम सचिव, लेखपाल सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
शिकायतकर्ता लालसाराम मौर्य समेत अन्य लोगों ने अपने प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया था कि पुराने जर्जर विद्यालय की ईंटों को ग्राम प्रधान द्वारा अपने नवनिर्मित मकान में लगवाया गया है। जांच के दौरान मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि संबंधित विद्यालय का निर्माण गंगा प्रसाद मौर्य के प्रधान बनने से लगभग 10 वर्ष पूर्व ही हो चुका था।
विपक्षी पक्ष ने जांच के दौरान दोबारा आरोप लगाते हुए कहा कि ग्राम प्रधान ने नाले की ईंटों का भी अपने मकान में उपयोग कराया है। वहीं ग्रामीणों और प्रधान समर्थकों का कहना था कि यह पूरा मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा हुआ है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विपक्षी पक्ष द्वारा लगातार गलत शिकायतें देकर ग्राम प्रधान की छवि खराब करने और उन्हें अपमानित करने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि विपक्षी पक्ष के लोगों पर पूर्व में विभिन्न धाराओं में मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। जांच के दौरान गांव में भारी संख्या में ग्रामीण एवं क्षेत्रवासी मौजूद रहे, जिससे पूरे क्षेत्र में मामले को लेकर चर्चा का माहौल बना रहा।
0 टिप्पणियाँ